मधेपुरा। बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा के परिणाम में मधेपुरा जिले के युवाओं ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जिले का नाम पूरे बिहार में रोशन किया है। ग्रामीण विकास पदाधिकारी (RDO), राजस्व पदाधिकारी (RO), अनुमंडल पदाधिकारी (SDM), पुलिस उपाधीक्षक (DSP) एवं अन्य महत्वपूर्ण पदों पर जिले के कई प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। परिणाम घोषित होने के बाद जिले भर में खुशी का माहौल है और सफल अभ्यर्थियों के घरों पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।

सबसे चर्चित सफलताओं में मधेपुरा सदर प्रखंड के साहूगढ़ पंचायत स्थित दिवानी टोला निवासी अखिलेश कुमार का नाम शामिल है। किसान दीनदयाल यादव के पुत्र अखिलेश पहले से 68वीं BPSC में चयनित होकर प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी (BPRO) के पद पर कार्यरत हैं। अब उन्होंने 70वीं BPSC में सफलता हासिल कर ग्रामीण विकास पदाधिकारी (RDO) का पद प्राप्त किया है। सीमित संसाधनों वाले किसान परिवार से निकलकर अखिलेश ने यह साबित कर दिया कि मेहनत और लगन से हर मंजिल हासिल की जा सकती है।

वहीं मधेपुरा के राहुल कुमार ने भी संघर्ष और धैर्य की मिसाल पेश की है। चपरासी के पोते और समाहरणालय से सेवानिवृत्त सहायक प्रशासी पदाधिकारी लाल शंकर राय के पुत्र राहुल ने कई असफलताओं के बाद 70वीं BPSC में सफलता हासिल कर राजस्व पदाधिकारी (RO) का पद प्राप्त किया है। 67वीं BPSC में इंटरव्यू और 68वीं-69वीं BPSC में मेंस तक पहुंचने के बावजूद सफलता नहीं मिलने पर भी उन्होंने हार नहीं मानी और अंततः सफलता अर्जित की।

मधेपुरा शहर के वार्ड संख्या-4 निवासी शुभम सुमन ने भी 70वीं BPSC में सफलता प्राप्त कर राजस्व पदाधिकारी (RO) का पद हासिल किया है। व्यवसायी संतोष कुमार सुमन एवं लेडी सुपरवाइजर माता के पुत्र शुभम ने विद्या बिहार पूर्णिया, मिथिला पब्लिक स्कूल फारबिसगंज, इंडियन मैरीटाइम यूनिवर्सिटी कोलकाता और जेएनयू नई दिल्ली से शिक्षा प्राप्त की। जहाज पर लगभग दो वर्षों तक नौकरी करने के बाद उन्होंने प्रशासनिक सेवा में आने का सपना पूरा किया।

मुरलीगंज प्रखंड निवासी मो. आदिल, जो मो. चांद के पुत्र हैं, ने भी शानदार सफलता प्राप्त करते हुए ग्रामीण विकास पदाधिकारी (RDO) का पद हासिल किया है। उनकी सफलता से मुरलीगंज क्षेत्र में खुशी की लहर है।

जिले के भदौल निवासी सुशील कुमार, जो दिनेश पंडित के पुत्र हैं, का चयन ब्लॉक एससी-एसटी वेलफेयर ऑफिसर पद पर हुआ है। उनकी उपलब्धि से गांव एवं क्षेत्र के लोगों में गर्व का माहौल है।

आलमनगर निवासी स्वर्गीय देवनारायण साह के पुत्र अविनाश कुमार ने 70वीं BPSC में सफलता प्राप्त कर पुलिस उपाधीक्षक (DSP) का प्रतिष्ठित पद हासिल किया है। वहीं मधेपुरा शहर के आजाद नगर निवासी अशफाक आलम की पुत्री जन्नत निशा ने भी सफलता हासिल करते हुए DSP पद प्राप्त किया है। जिले की बेटियों के लिए उनकी सफलता प्रेरणादायक मानी जा रही है।

सदर प्रखंड के बालमगढ़िया निवासी लिल्टन कुमार, जो जय शंकर कुमार के पुत्र हैं, का चयन ग्रामीण विकास पदाधिकारी (RDO) पद पर हुआ है। वहीं चौसा प्रखंड निवासी मनोज साह की पुत्री रिमझिम ने सफलता प्राप्त कर अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) का पद हासिल किया है।

इन सभी सफल अभ्यर्थियों की उपलब्धियों ने यह साबित कर दिया है कि मधेपुरा प्रतिभाओं की धरती है। किसानों, कर्मचारियों, व्यवसायियों और सामान्य परिवारों से निकलकर युवाओं ने अपनी मेहनत और संघर्ष के दम पर प्रशासनिक सेवा में जगह बनाई है। परिणामस्वरूप पूरे जिले में उत्सव जैसा माहौल है। विभिन्न सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों और बुद्धिजीवियों ने सभी सफल अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

BPSC 70वीं परीक्षा का यह परिणाम मधेपुरा जिले के लिए गौरव का क्षण है। इन युवाओं की सफलता आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हजारों छात्रों को आगे बढ़ने का हौसला देगी।