मधेपुरा/ जिले के चौसा प्रखंड अंतर्गत बड़की बढ़ोना गांव में अखिल भारतीय संतमत सत्संग का 115वां वार्षिक महाधिवेशन शनिवार से भव्य रूप से शुरू हो गया। यह तीन दिवसीय महाआयोजन 14, 15 और 16 मार्च तक आयोजित किया जा रहा है। पहले दिन आयोजित दोनों सत्रों में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय माहौल में रंग दिया।
महाधिवेशन के मुख्य प्रवचनकर्ता प्रधान आचार्य स्वामी चतुरानंद जी महाराज ने अपने ओजस्वी उद्बोधन में संतमत की साधना, भक्ति और मानव जीवन के वास्तविक उद्देश्य पर गहन प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सत्संग और साधना के माध्यम से ही मनुष्य आत्मिक शांति और जीवन का सच्चा मार्ग प्राप्त कर सकता है। इस अवसर पर उपस्थित अन्य संत-महात्माओं ने भी श्रद्धालुओं को नैतिकता, सदाचार और आध्यात्मिकता के पथ पर चलने की प्रेरणा दी।
आयोजन को सफल एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। विशाल पंडाल, सुदृढ़ प्रकाश व्यवस्था, शुद्ध पेयजल, स्वच्छ शौचालय, प्रसाद वितरण, चिकित्सा सुविधा, भोजन, बिजली आपूर्ति, आवास तथा अग्निशमन दल की विशेष व्यवस्था की गई है। वहीं, कानून-व्यवस्था बनाए रखने हेतु महिला एवं पुरुष पुलिस बल, ट्रैफिक पुलिस और सशस्त्र बलों की तैनाती की गई है।
आयोजकों के अनुसार, महाधिवेशन में लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। देश के विभिन्न राज्यों से संत-महात्माओं और श्रद्धालुओं का लगातार आगमन जारी है, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्ति और आध्यात्मिकता का वातावरण बना हुआ है।
सत्संग स्थल पर प्रशासनिक अधिकारी भी लगातार व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। इस क्रम में एसडीपीओ उदाकिशुनगंज अविनाश कुमार, चौसा थाना अध्यक्ष रवि कुमार पासवान, एसआई राजकिशोर कुमार सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे।
वहीं, बिहार विधानसभा उपाध्यक्ष सह स्थानीय विधायक नरेंद्र नारायण यादव ने स्वामी चतुरानंद जी महाराज को तस्वीरें एवं पुस्तकें भेंट कर उनका स्वागत किया।
इस अवसर पर प्रखंड अध्यक्ष मनोज प्रसाद, सांसद प्रतिनिधि कुंदन कुमार बंटी, विधायक प्रतिनिधि अबूशालेह सिद्दीकी, पप्पू शर्मा, सुनील यादव सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, कार्यकर्ता एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।














